1
00:00:01,680 --> 00:00:06,080
तो ये है तो यह जो प्रश्न मैंने किए हैं या जो भी चीजें

2
00:00:06,080 --> 00:00:10,080
बोली है तो ये इससे पहले आपके पास भी आपके मन में

3
00:00:10,080 --> 00:00:14,240
उठे होंगे शायद हां बिल्कुल बिल्कुल तो अभी

4
00:00:14,240 --> 00:00:18,400
आपको आप सहमत है मेरे इन प्रश्नों से ना नहीं

5
00:00:18,400 --> 00:00:22,720
आपके प्रश्नों से हम सहमत है तो क्या है इसमें

6
00:00:22,720 --> 00:00:27,200
एक चीज मैं बताना चाहता हूं जो लोगों की धारणाएं हैं ना

7
00:00:27,200 --> 00:00:31,360
अलग-अलग है किसके बारे

8
00:00:31,360 --> 00:00:35,520
में या धर्म के बारे में या ईश्वर के बारे में? किसी के बारे में अब

9
00:00:35,520 --> 00:00:40,080
मान लो किसी भी चीज के बारे में जो लोगों ने समझा है ना

10
00:00:40,080 --> 00:00:44,160
वो मतलब कोई सही बताता है कोई गलत बताता

11
00:00:44,160 --> 00:00:48,160
है। कईयों का सिद्धांतों को कई व्यक्ति सही तरीके से पालन नहीं करते

12
00:00:48,160 --> 00:00:52,480
हैं। जो गलत बताता है उसको सही बताने वाला सही करेगा

13
00:00:52,480 --> 00:00:58,480
ना। बिल्कुल बिल्कुल आप कर रहे हो तो अच्छी बात है।

14
00:00:59,040 --> 00:01:03,040
ठीक है बाकी मैं YouTube में देखा था भाई जी ऐसे कि हम किसी भी संस्था के

15
00:01:03,040 --> 00:01:07,040
रिप्रेजेंटेटिव हो के हम आपसे बात नहीं कर रहे मैं समझ रहा

16
00:01:07,040 --> 00:01:11,360
हूं मैं समझ रहा हूं तो अभी भी आप ब्रह्माकुमारी

17
00:01:11,360 --> 00:01:15,360
के द्वारा ही मेडिटेशन प्राप्त कर रहे मतलब मेडिटेशन

18
00:01:15,360 --> 00:01:19,520
करते हैं। हां जी हां जी इसका मतलब ब्रह्मा कुमारी सही बोलता है आपके

19
00:01:19,520 --> 00:01:23,840
हिसाब से नहीं देखो एक हां बिल्कुल सही

20
00:01:23,840 --> 00:01:27,840
बोलते हैं मतलब आप एक बार आके देखेंगे तो अच्छा रहेगा मुझे एक

21
00:01:27,840 --> 00:01:33,120
चीज समझ में नहीं आ रही है बस वो बात ये है कि

22
00:01:33,120 --> 00:01:37,120
जैसे कि हमें ब्रह्मा कुमारी जाके

23
00:01:37,120 --> 00:01:41,440
मिल क्या रहा है मतलब क्यों जा रहे हैं सुख शांति के लिए ना

24
00:01:41,440 --> 00:01:45,440
तो मैं एक बात बताता हूं भाई जी सुनिए तो यदि आपके पास से था

25
00:01:45,440 --> 00:01:50,000
आप टाइम में तो एक बार आके देख लीजिए। सुनिए तो एट द एंड हम

26
00:01:50,000 --> 00:01:54,000
सुख शांति के लिए जा रहे हैं। है ना? ब्रह्माकुमारी

27
00:01:54,000 --> 00:01:58,080
क्यों जा रहे हैं? मतलब ब्रह्मा कुमारी जी क्यों? धर्म या

28
00:01:58,080 --> 00:02:02,240
ईश्वर की बात मान इसलिए ले रहे हैं क्योंकि हमें चैन चाहिए, सुख शांति चाहिए।

29
00:02:02,240 --> 00:02:06,240
बिल्कुल बिल्कुल है ना? हम तो यह सुख शांति तो कहीं

30
00:02:06,240 --> 00:02:10,960
पर घूमने जाते हैं, फिल्म देखने जाते हैं या

31
00:02:10,960 --> 00:02:14,400
और भी लोगों के तरह-तरह के मनोरंजन

32
00:02:14,400 --> 00:02:18,720
के वो है साधन। वहां पे भी उनको सुख शांति मिल जाती है। तो फिर डिफरेंस

33
00:02:18,720 --> 00:02:23,120
क्या है? वहां की सुख शांति में, यहां की सुख शांति में।

34
00:02:23,120 --> 00:02:27,600
नहीं देखो एक सुख शांति [संगीत] लौकिक की है।

35
00:02:27,600 --> 00:02:32,000
दूसरी अलौकिक की है। तो वही लौकिक और अलौकिक

36
00:02:32,000 --> 00:02:36,400
में डिफरेंस क्या है सुख शांति में? लौकिक का क्या है? अल्पकाल

37
00:02:36,400 --> 00:02:40,880
का है। मान लो मुझे अल्पकाल के लिए सुख [संगीत] शांति अनुभव हुआ तो ये अलौकिक

38
00:02:40,880 --> 00:02:44,960
है। हम और मुझे सदा का सुख शांति मिल रहा है तो ये

39
00:02:44,960 --> 00:02:49,120
अलौकिक है। अच्छा अब मैं समझ गया। यही मेरा सबसे बड़ा पॉइंट

40
00:02:49,120 --> 00:02:53,440
है ब्रह्मा कुमारी से। कि ब्रह्मा कुमारी से जो

41
00:02:53,440 --> 00:02:57,600
मिल रही है क्या वो अनंत सुख है? अनंत

42
00:02:57,600 --> 00:03:01,760
सुख शांति है? बिल्कुल नहीं ब्रह्मा

43
00:03:01,760 --> 00:03:05,760
कुमारी तो कह रहा है ना 5000 साल बाद फिर ड्रामा शुरू होगा। फिर

44
00:03:05,760 --> 00:03:10,080
जाना है आपको ड्रामे में। हां मैं एक चीज बताना चाहता हूं भाई जी।

45
00:03:10,080 --> 00:03:14,080
आपकी बात सही है। तो भाई यहां से हम लोग

46
00:03:14,080 --> 00:03:18,320
कहीं मुक्त नहीं होंगे। हम अगले जन्म में देवी देवता

47
00:03:18,320 --> 00:03:22,400
बन जाएंगे। यही तो कह रहा है ना ब्रह्मा कुमारी नहीं देखो

48
00:03:22,400 --> 00:03:26,480
ये सब है एक चीज बताना चाहता हूं भाई जी

49
00:03:26,480 --> 00:03:29,520
मतलब कोई मुक्ति नाम की जगह ही नहीं है अगले ड्रामे में आप

50
00:03:29,520 --> 00:03:34,000
अच्छे स्थान पे आपका ड्रामा शुरू करोगे हां नहीं

51
00:03:34,000 --> 00:03:38,320
इसमें इसमें एक चीज और बताना चाहता हूं देखिए ये सदियों से चलती आ रही बात

52
00:03:38,320 --> 00:03:42,560
ठीक है अनंत सुख है क्या मैं ये पूछ रहा हूं ब्रह्मा कुमारी में अनंत सुख

53
00:03:42,560 --> 00:03:46,640
है बिल्कुल है तो कहां बताइए ना कैसे आप तो देवी

54
00:03:46,640 --> 00:03:50,720
देवता बना रहे हो वहां पर देखो मैं एक चीज बताता हूं।

55
00:03:50,720 --> 00:03:54,720
आप एक बार आएंगे तो टाइम देंगे तो अरे ठीक

56
00:03:54,720 --> 00:03:59,360
है तो आऊं तो ये तो बता दीजिए आप आने के लिए। ये

57
00:03:59,360 --> 00:04:03,600
आप देवी देवता बना रहे हो ना एट द एंड ब्रह्माकुमारी जाने के बाद व्यक्ति

58
00:04:03,600 --> 00:04:08,400
देवी देवता बन रहा है ना अगले अगला जो शुरू होगा चतुरयुगी।

59
00:04:08,400 --> 00:04:12,400
नहीं नहीं उससे पहले देवी देवता बनना नेक्स्ट चीज है। पहले अपने [संगीत]

60
00:04:12,400 --> 00:04:16,480
संस्कारों में देवी दैवत्व लाना वो जरूरी है। अरे वो ठीक

61
00:04:16,480 --> 00:04:20,960
है वो दैवत्व आएगा जब ब्रह्मा कुमारी को फॉलो करेंगे तब

62
00:04:20,960 --> 00:04:25,280
तो हम फॉलो करके दैवत्व ला के हमको अनंत आपने कहा अनंत

63
00:04:25,280 --> 00:04:29,600
सुख मिलता है। तो अनंत सुख मिला क्या हमको ब्रह्मा कुमारी

64
00:04:29,600 --> 00:04:33,600
की चीजों को मान करके देखो एक

65
00:04:33,600 --> 00:04:37,600
चीज है अनंत सुख का परिभाषा अलग अलग है भाई आपने अभी

66
00:04:37,600 --> 00:04:41,600
क्या कहा कि लौकिक वो है जो अल्पकाल के लिए होता है अलौकिक

67
00:04:41,600 --> 00:04:44,960
वो है जो अनंत होता है आपने ही कहा ना

68
00:04:44,960 --> 00:04:49,600
नहीं सही है हां लेकिन मैं आपको एक चीज बताता हूं देखो अभी

69
00:04:49,600 --> 00:04:53,680
समय ये मतलब आपके पास इसका जवाब नहीं है कि वो

70
00:04:53,680 --> 00:04:57,760
अनंत काल वाला सुख लेकिन आपको टाइम टाइम देना पड़ेगा, टाइम देना। अरे

71
00:04:57,760 --> 00:05:01,920
तो टाइम देना पड़ेगा तो दे तो रहा हूं। बताइए क्या है? नहीं मैं

72
00:05:01,920 --> 00:05:05,920
अभी नहीं बता पाऊंगा। मैं अभी अभी कुछ काम के कारण जा रहा हूं। अरे

73
00:05:05,920 --> 00:05:10,080
इतनी लाइन का आंसर है इसमें अनंत काल का सुख है। ब्रह्मा कुमारी उत्तर सिंपल

74
00:05:10,080 --> 00:05:14,240
है। उत्तर बहुत सिंपल है। सिंपल दे दीजिए फिर उत्तर सिंपल है तो।

75
00:05:14,240 --> 00:05:18,480
बिल्कुल तो आप आना पड़ेगा। आएंगे तो अरे तो अभी तो आप कह रहे हो सिंपल

76
00:05:18,480 --> 00:05:22,640
है। वो तो एक लाइन का दो लाइन का आंसर होगा। फिर क्यों नहीं दे रहे हो? तो

77
00:05:22,640 --> 00:05:26,720
दे दिया ना आपको। कहां दिया? मैंने पूछा कि जब आप देवी देवता

78
00:05:26,720 --> 00:05:30,800
बना रहे हो अगले चतुरयुगी में तो अनंत सुख कहां रहा

79
00:05:30,800 --> 00:05:35,040
और जब अनंत सुख नहीं है तो व्यक्ति व्यक्ति जो लौकिक सुख भोग रहा है वही लौकिक

80
00:05:35,040 --> 00:05:39,200
सुख तो दे रहे हो आप नहीं नहीं नहीं हां नहीं नहीं नहीं क्या

81
00:05:39,200 --> 00:05:43,360
है ये कहिए कि आपको सवाल का जब तक जवाब दे

82
00:05:43,360 --> 00:05:48,560
आ रहा था तो आपने दिया जब नहीं आ रहा तो आप यह कह देते हो कि वहां आना

83
00:05:48,560 --> 00:05:52,800
नहीं वो ऐसा नहीं है भाई ऐसा ही तो है हर व्यक्ति अपने कामधाम

84
00:05:52,800 --> 00:05:56,960
छोड़ के कोई व्यक्ति कहे मैं भगवान हूं और समझना

85
00:05:56,960 --> 00:06:00,160
है भैया कैसे भगवान होगे समझना पड़ेगा आना पड़ेगा आपको

86
00:06:00,160 --> 00:06:04,400
लो मैं भी कह रहा हूं आपसे सुनिए सुनिए ब्रह्मा कुमारीज

87
00:06:04,400 --> 00:06:08,640
को छोड़िए मेरे साथ चलिए मेरे यहां आ जाइए और यहां पर मेरे

88
00:06:08,640 --> 00:06:12,720
यहां बहुत सारे काम है सेवा करिए यहां पर और जो है मैं आपको अगले युग में जो

89
00:06:12,720 --> 00:06:16,880
है वो बना दूंगा वो लोग देवी देवता बना रहे हैं ना मैं आपको क्रिएटर बना

90
00:06:16,880 --> 00:06:21,440
दूंगा आ जाइए क्रिएटर रचयिता

91
00:06:21,440 --> 00:06:25,760
बना दूंगा अपने हिसाब से स्वर्ग नरक बनाइए। अपने हिसाब से जो है

92
00:06:25,760 --> 00:06:30,080
दुनिया बसाइए। ये बना दूंगा मैं आपको अगले युग में।

93
00:06:30,080 --> 00:06:34,080
आप आ जाइए मेरे यहां पर काम कामधाम करिए। बहुत सारे

94
00:06:34,080 --> 00:06:38,400
काम है। सफाई है, बहुत सारे कुकिंग है, सेवा

95
00:06:38,400 --> 00:06:42,480
करिए यहां पर मेरी आ के और मैं आपको जो है अगले अगली

96
00:06:42,480 --> 00:06:47,840
जो चतुरगी स्टार्ट होगी उसमें मैं आपको बना दूंगा क्रिएटर।

97
00:06:47,840 --> 00:06:51,920
स्वर्ग और नरक का निर्माण करिए अगले में। ठीक है? अब आप अगर ये पूछेंगे

98
00:06:51,920 --> 00:06:56,960
कि कैसे बनाओगे तो मैं कहूंगा उसके लिए तो टाइम देना पड़ेगा। देखो

99
00:06:56,960 --> 00:07:01,120
हम ये सब नहीं हम इस भाई साहब आपने

100
00:07:01,120 --> 00:07:05,280
अपनी बुद्धि पर ताला लगा रखा है आप लोगों ने। आपने

101
00:07:05,280 --> 00:07:09,360
वहां जाकर के बुद्धि पर अपनी पर ताला लगा लिया और मीठे तरीके से आप

102
00:07:09,360 --> 00:07:13,520
दूसरों को भी इसी तरह से इनवाइट करते हो कि दूसरा भी आ जाए। वह भी वहां

103
00:07:13,520 --> 00:07:15,280
आकर के अपनी बुद्धि पर ताला लगा

104
00:07:15,280 --> 00:07:19,280
ले। है ना? बंद करके फेंक दे चाबी को हमेशा हमेशा

105
00:07:19,280 --> 00:07:23,360
के लिए तो मैं वो नहीं हूं। मैं आऊंगा

106
00:07:23,360 --> 00:07:27,360
और सबके ताले खोलूंगा वहां पर अगर आ गया तो ठीक

107
00:07:27,360 --> 00:07:31,360
है। जय श्री राम। जय श्री राम।
