1
00:00:04,000 --> 00:00:08,000
वीडियो को बिल्कुल भी स्किप मत करना। अंत तक देखना और जितना ज्यादा से

2
00:00:08,000 --> 00:00:12,720
ज्यादा हो सके अपने हिंदू भाइयों को शेयर करना। हिंदू

3
00:00:12,720 --> 00:00:17,200
देवी देवताओं के खिलाफ अश्लील और आपत्तिजनक टिप्पणियां करने वाला रामपाल

4
00:00:17,200 --> 00:00:21,440
और उसके द्वारा छापी गई किताबों के विरुद्ध जो युद्ध हम लखनऊ

5
00:00:21,440 --> 00:00:25,600
उत्तर प्रदेश की राजधानी से लड़ रहे थे। उसमें प्रारंभिक स्तर पर हमें बहुत

6
00:00:25,600 --> 00:00:29,840
सारे अच्छे परिणाम प्राप्त हो गए हैं। इस गिरोह के विरुद्ध लखनऊ

7
00:00:29,840 --> 00:00:34,000
के विभिन्न थानों में कई एफआईआर दर्ज हो चुकी हैं। जिसमें सबसे पहली और प्रमुख

8
00:00:34,000 --> 00:00:38,000
एफआईआर है 0262 जो कि थाना सरोजनी नगर में दर्ज

9
00:00:38,000 --> 00:00:42,080
हुई है। दूसरी एफआईआर फिर से 0262 जो कि थाना

10
00:00:42,080 --> 00:00:46,160
आशियाना में दर्ज हुई है। और तीसरी एफआईआर है 0235

11
00:00:46,160 --> 00:00:50,160
जो कि थाना गोमती नगर में दर्ज हुई है। इनमें से एक एफआईआर इस बात को

12
00:00:50,160 --> 00:00:54,240
लेकर है कि जब हमने हाई कोर्ट में याचिका लगा दी और परिणाम हमारे पक्ष में

13
00:00:54,240 --> 00:00:58,240
आने लगे तो मुझे जान से मार देने की धमकियां या फिर बहुत

14
00:00:58,240 --> 00:01:02,320
तरीके के हरेसमेंट मुझे प्राप्त होने लगे और उन्हीं धमकियों के निमित्त हमने

15
00:01:02,320 --> 00:01:06,400
एक एफआईआर दर्ज कराई आशियाना थाने में। एक एफआईआर जो दर्ज हुई

16
00:01:06,400 --> 00:01:10,640
है उसमें एक व्यक्ति वेद प्रकाश नाम का एक व्यक्ति

17
00:01:10,640 --> 00:01:14,640
अपनी सब्जी की ठेल पर यही विवादित किताबें बेचते हुए पकड़ा गया था। जिस पर

18
00:01:14,640 --> 00:01:19,120
एफआईआर दर्ज हुई और उस पर अभी मुकदमा जो है विचाराधीन है।

19
00:01:19,120 --> 00:01:23,280
परंतु सबसे मुख्य एफआईआर है 0262

20
00:01:23,280 --> 00:01:27,440
जो कि सरोजनी नगर थाने में दर्ज हुई है जिसमें कि 7 साल

21
00:01:27,440 --> 00:01:31,440
से अधिक सजा वाली धाराएं लगी हुई है। अब तो आईटी एक्ट भी

22
00:01:31,440 --> 00:01:35,440
उस केस में बढ़ चुका है। एक धारा और बढ़ गई है। एफआईआर हो

23
00:01:35,440 --> 00:01:39,440
जाने के बाद एक धारा और बढ़ गई है। वो इतनी मजबूत एफआईआर है कि

24
00:01:39,440 --> 00:01:43,520
उसमें 7 साल से ज्यादा की सजा होने के कारण उसमें जो

25
00:01:43,520 --> 00:01:47,520
अभियुक्त होगा उसको पुलिस तुरंत गिरफ्तार भी कर

26
00:01:47,520 --> 00:01:51,840
सकती है। उसके अंतर्गत जो आने वाला रामपाल का अड्डा

27
00:01:51,840 --> 00:01:56,000
था जो संचालित होता था लखनऊ में वो इस समय बंद हो चुका

28
00:01:56,000 --> 00:02:00,400
है। जब पुलिस ने वहां जाकर के पूछा कि रामपाल की वो किताबें

29
00:02:00,400 --> 00:02:04,480
कहां है जो यहां से पहले वितरित होती थी तो वहां के लोगों ने साफ मना कर दिया

30
00:02:04,480 --> 00:02:08,560
है। जो एफआईआर में अभियुक्त हैं, वह कोई भी

31
00:02:08,560 --> 00:02:12,720
जवाब नहीं दे पा रहे हैं। वह अज्ञातकाल में चले गए हैं। अज्ञातवास में चले

32
00:02:12,720 --> 00:02:17,120
गए हैं। फरार हैं, पुलिस की पहुंच से दूर हैं। इसके अलावा पुलिस

33
00:02:17,120 --> 00:02:21,120
यह किताबें कहां छापी जाती हैं और किस तरह से यह

34
00:02:21,120 --> 00:02:25,520
ऑपरेट किया जा रहा है, इसकी अह जांच कर रही है। यह ऐतिहासिक

35
00:02:25,520 --> 00:02:30,000
विजय हमें हमारी मान्यजा वरिष्ठ अधिवक्ता रंजना अग्निहोत्री

36
00:02:30,000 --> 00:02:34,000
जी के कारण प्राप्त हुई है। जिन्होंने हमारी अगवाई करते हुए इलाहाबाद की हाई कोर्ट

37
00:02:34,000 --> 00:02:34,500
बेंच

38
00:02:34,320 --> 00:02:38,320
लखनऊ में हमारे इस याचिका को हमारी इस

39
00:02:38,320 --> 00:02:42,480
याचिका को पहुंचाया और जिस पर सुनवाई के अंतर्गत हाई

40
00:02:42,480 --> 00:02:46,560
कोर्ट के निर्देश और हाई कोर्ट के संज्ञान लिए जाने के

41
00:02:46,560 --> 00:02:50,800
कारण हमें यह विजय प्राप्त हुई है। इसके साथ ही साथ हम

42
00:02:50,800 --> 00:02:55,360
आभार व्यक्त करते हैं जो वरिष्ठ अधिवक्ता हैं माननीय हरिशंकर

43
00:02:55,360 --> 00:02:59,440
जैन जी का क्योंकि उन्हीं के मार्ग निर्देशन में यह अभियान

44
00:02:59,440 --> 00:03:03,920
इस तरह से जो कानूनी लड़ाई है उसमें परिवर्तित

45
00:03:03,920 --> 00:03:07,920
हुआ। यहां पे ये जान लेना आवश्यक है कि रामपाल का किसी भी तरीके का कार्यक्रम

46
00:03:07,920 --> 00:03:12,320
अब लखनऊ में बंद हो चुका है। रामपाल का जो अड्डा है वो

47
00:03:12,320 --> 00:03:18,320
यहां पर बंद हो चुका है। वहां किताबें नहीं मिल रही है। मतलब कुल मिलाकर के

48
00:03:18,480 --> 00:03:22,560
सार्वजनिक रूप से रामपाल की किताबें मिलना लखनऊ उत्तर

49
00:03:22,560 --> 00:03:27,040
प्रदेश की राजधानी में बंद हो चुकी हैं। ठीक है? रामपाल के कार्यक्रम लखनऊ

50
00:03:27,040 --> 00:03:31,120
उत्तर प्रदेश की राजधानी में बंद हो चुके हैं। पेट पे गाली दी। पेट पे

51
00:03:31,120 --> 00:03:35,680
गाली दी है इन लोगों ने। हिंदू धर्म के माता

52
00:03:35,680 --> 00:03:40,960
ब्रह्मा विष्णु महेश की पूजा करने वाले मूर्ख हैं। अरे चिल्लाए

53
00:03:40,960 --> 00:03:46,240
और क्या करेंगे? नहीं

54
00:03:46,240 --> 00:03:50,480
दुर्गा माता के साथ बलात्कार हो रहा है। मर जाएंगे।

55
00:03:50,480 --> 00:03:54,480
मगर ये नहीं बिकने देंगे। समझे? ठीक है। मैं बंद कर दे रहा हूं। सबसे

56
00:03:54,480 --> 00:03:58,960
पहले मैं आपको बता दूंगा की ये द्विवेदी जी की वजह से ये आंदोलन आज दिख रहा है।

57
00:03:58,960 --> 00:04:03,040
वरना हिंदू जाति सोई हुई है। उनको हमें धर्म से कोई मतलब नहीं है। द्विवेदी जी

58
00:04:03,040 --> 00:04:07,120
प्रखर है और जब सबसे पहले भेजे थे मुझसे तो मैंने इन सारी किताबों का अध्ययन किया

59
00:04:07,120 --> 00:04:11,200
था और धर्म करने में बड़ी पीड़ा हुई थी और पीड़ा

60
00:04:11,200 --> 00:04:15,280
इसलिए भी हुई कि आज हिंदू समाज में

61
00:04:15,280 --> 00:04:19,600
अकेले द्विवेदी जी क्यों आगे आए? और लोग आगे क्यों नहीं आए?

62
00:04:19,600 --> 00:04:24,000
और शिवश जी जुड़ गए हैं। समझ लीजिए।

63
00:04:24,000 --> 00:04:28,000
कि हमारे साथ एक हीरा जुड़ गया है। मैं इनको हीरे के रूप में

64
00:04:28,000 --> 00:04:32,160
देखता हूं। हमको जरूरत थी ऐसे आदमियों की। आज

65
00:04:32,160 --> 00:04:37,360
इनका क्या स्वार्थ है? किताब के लिए मेरे पास आए। दिल्ली आए।

66
00:04:37,360 --> 00:04:41,520
ठीक है। थोड़ा मुझे मैं क्षमा चाहता हूं। थोड़ा मुझे माइंड मेकअप करने

67
00:04:41,520 --> 00:04:46,240
में समझने में थोड़ी देर लगी। चार छ महीने लग गए।

68
00:04:46,240 --> 00:04:50,320
मैं क्योंकि मैं प्रयास कर रहा था किसी और लेवल पर। वो नाम

69
00:04:50,320 --> 00:04:54,400
नहीं लूंगा। मैं और लेवल प्रयास कर रहा था कि मामला हो जाए। मुझे

70
00:04:54,400 --> 00:04:58,640
आश्वासन भी दिया गया था पर बात पूरी नहीं हो पाई।

71
00:04:58,640 --> 00:05:01,440
मुझे उम्मीद थी कुछ उससे शायद काम

72
00:05:01,440 --> 00:05:05,520
हो जाए। तब मैंने डिसीजन लिया कि अब ये किया जाए। ये काम मुझे छ

73
00:05:05,520 --> 00:05:10,800
महीना करीब मैं लेट हो गया। मैं इसे क्षमा चाह रहा हूं। मतलब किसी

74
00:05:10,800 --> 00:05:14,640
हाई कोर्ट

75
00:05:14,640 --> 00:05:17,440
ध्यान दूंगा।

76
00:05:17,440 --> 00:05:23,280
इसको ये 12 बार हाई कोर्ट जाके। 12 बार हाई कोर्ट

77
00:05:23,280 --> 00:05:27,360
जिस बात को वो कह रहे हैं वही मैं समझ रहा हूं मेरे पास जो लेना ले

78
00:05:27,360 --> 00:05:31,360
बस बात खत्म है उनका कोई बैर थोड़ी है जो सत्य है वो सच है

79
00:05:31,360 --> 00:05:35,600
मतलब इस विवादित जो मतलब है वो शास्त्रों के अनुसार प्रमाणित

80
00:05:35,600 --> 00:05:39,760
है कि हमारे वेद क्या है तो वेद हर किसी का तो होता

81
00:05:39,760 --> 00:05:43,440
नहीं

82
00:05:43,440 --> 00:05:47,840
किताबें आपने दी है ना हमको बस किताब आपने दी हो

83
00:05:47,840 --> 00:05:52,240
यही कहा भाई जो किताब आप ये किताबें बेचते हो?

84
00:05:52,240 --> 00:05:56,640
सेवा करते सेवा सेवा बांटते हो? वितरित करते हो। मैंने ऑनलाइन

85
00:05:56,640 --> 00:06:01,120
किया है। मालूम है हमको मालूम था यही होना है। हां तो आपको आप

86
00:06:01,120 --> 00:06:05,200
बेचते हो? आप बेचते हो कि नहीं? आप आप

87
00:06:05,200 --> 00:06:09,200
बेचते हो ना? आप आपने अभी बेची ना हमको। वीडियो है हमारे

88
00:06:09,200 --> 00:06:13,520
पास। बेची ना? इसमें एक तेरे तेरे कई सांड पति होंगे गायत्री

89
00:06:13,520 --> 00:06:17,520
माता का। हां ये है ना 267। ये रहा। ये लो। ये

90
00:06:17,520 --> 00:06:22,480
देखो।

91
00:06:22,480 --> 00:06:28,080
वीडियो है अपने पास चलो आप चलो आप चलो चलो पुलिस

92
00:06:28,080 --> 00:06:30,080
ताला बंद है

93
00:06:30,080 --> 00:06:34,240
अरे भैया आप अंदर बंद हो क्या जेल में हो क्या आप कैसे आओगे

94
00:06:34,240 --> 00:06:37,760
बाहर

95
00:06:37,760 --> 00:06:39,920
हैं

96
00:06:39,920 --> 00:06:43,920
राजू दास कहां है राजू दास नहीं है वो अरे आपसे कोई

97
00:06:43,920 --> 00:06:48,080
मंगाना चाहे आपके द्वारा किताबें भेजी जाएंगी ना हम नहीं भेजते

98
00:06:48,080 --> 00:06:52,160
यहां से दी जाती इसमें नंबर नहीं आप पढ़ रहे हैं। नंबर भी तो लिखा हुआ है।

99
00:06:52,160 --> 00:06:56,160
इस नंबर को आपने अपने घर पे लगाया है। नहीं लगाया है ना हमारा यह नंबर है ना। इसमें

100
00:06:56,160 --> 00:07:00,240
जो नंबर ये किसने लगाया है ये बोर्ड? आपके घर पे है ना? हमें बैनर मिले

101
00:07:00,240 --> 00:07:04,720
हमने लगाया है। लेकिन ये नंबर हमारा नहीं है जो आप कह रहे हैं कि यहां से बुक दी जाती है।

102
00:07:04,720 --> 00:07:08,720
यहां से यहां से बुक नहीं दी जाती। नहीं दी जाती है। अच्छा ठीक है। यहां से बुक नहीं

103
00:07:08,720 --> 00:07:12,720
दी जाती। मगर ये जो बुक देने वाला बोर्ड है ये क्यों लगा है? लगा है जो निशुल्क

104
00:07:12,720 --> 00:07:16,960
मंगाना चाहे जो इच्छा से मंगाना चाहेना चाहे जो बुक देता है नहीं

105
00:07:16,960 --> 00:07:21,120
जानते हम बाते हैं ये बैनर

106
00:07:21,120 --> 00:07:25,200
हम आपको ये कह रहे हैं बुक यहां से नहीं दी जाती है बात खत्म है माननीय मैं आपसे

107
00:07:25,200 --> 00:07:29,200
पूछ रहा हूं हाथ जोड़ के ये बैनर आपको किसने दिया बुक यहां से नहीं दी जाती

108
00:07:29,200 --> 00:07:33,440
आपने बुक के लिए कहीं से भी आया हो बैनर लेकिन आप बात

109
00:07:33,440 --> 00:07:37,520
नहीं बैनर कहां से आया आपने अभी बुक के लिए कहा है ना कि बुक यहां से

110
00:07:37,520 --> 00:07:41,520
नहीं दी जाती है तो जो निशुल्क मंगाना चाहे वो आप

111
00:07:41,520 --> 00:07:43,840
क्या कह रहे हैं? आपसे पूछा जाएगा ना ये बैनर क्यों लगाया

112
00:07:43,840 --> 00:07:48,000
आपने? दिया था कि भाई कर लो। जी जी जी लेकिन जब बाद में हमको मालूम

113
00:07:48,000 --> 00:07:52,000
हुआ या तो हमारे सनातन धर्म के भी विरुद्ध कार्यक्रम हो रहा है।

114
00:07:52,000 --> 00:07:56,320
जी तो फिर हमने अपने जिनका ये गेस्ट हाउस है जी। उनको

115
00:07:56,320 --> 00:08:00,720
ये बताया तो उन्हीं के आदेश आदेशानुसार भी हमने उस प्रोग्राम की परमिशन

116
00:08:00,720 --> 00:08:05,760
देना बंद कर दिया उनको। जी जी और अभी फिलहाल उनका कार्यक्रम यहां पे

117
00:08:05,760 --> 00:08:09,920
5 या 6 महीने से अब नहीं हो रहा है। हां, वह लगभग मेरे

118
00:08:09,920 --> 00:08:14,160
ख्याल से जब वो एक्टिवेट हुई थी, मई में हुई थी हमारी एफआईआर अवल तो उनको परमिशन

119
00:08:14,160 --> 00:08:18,400
ही नहीं मिली है। हम वहां से डीएम के द्वारा उन्होंने डीएम साहब ने परमिशन

120
00:08:18,400 --> 00:08:22,400
जो प्रशासन के द्वारा परमिशन होनी चाहिए इस तरह की सभा लगाने की। वहां से

121
00:08:22,400 --> 00:08:26,400
प्रशासन के द्वारा परमिशन मिलना भी बंद हो गई और यहां पर यह भी जागरूक हो

122
00:08:26,400 --> 00:08:30,560
गए। तो ये वीडियो मैं बना क्यों रहा हूं? यह वीडियो

123
00:08:30,560 --> 00:08:34,640
बनाने का मेरा उद्देश्य है कि जब से हमने यह अभियान छेड़ा है रामपाल के

124
00:08:34,640 --> 00:08:38,640
विरुद्ध, उसकी तंत्र के विरुद्ध, उसकी किताबों के विरुद्ध, उसकी विवादित

125
00:08:38,640 --> 00:08:43,120
टिप्पणियों के विरुद्ध तब से समाज में जो जन चेतना आई है, जो

126
00:08:43,120 --> 00:08:47,360
सैलाब आया है, जो जनसामान्य जागरूक हुआ है, उसके

127
00:08:47,360 --> 00:08:51,760
कारण देश के कोने-कोने से ऐसी खबरें आ रही हैं जहां पर रामपाल

128
00:08:51,760 --> 00:08:55,840
के गिरोह का, रामपाल की किताबों का, रामपाल के कार्यक्रमों का विरोध

129
00:08:55,840 --> 00:08:59,840
किया जा रहा है। परंतु एक समस्या मैं लगातार देख रहा हूं

130
00:08:59,840 --> 00:09:03,920
कि जब कोई वहां पर विरोध कर रहा है तो वह यथोचित रूप

131
00:09:03,920 --> 00:09:08,080
से यह नहीं बता पा रहा है कि रामपाल की किताबों में ऐसा

132
00:09:08,080 --> 00:09:12,240
क्या है जिसके कारण उसके खिलाफ कड़ा एक्शन लिया जाना चाहिए

133
00:09:12,240 --> 00:09:16,400
वहां के प्रशासन को ऐसे में आप अपने धर्म की रक्षा के लिए किस प्रकार

134
00:09:16,400 --> 00:09:20,800
से कार्रवाही कर सकते हैं यह बताने के लिए मैं यह वीडियो बना रहा हूं।

135
00:09:20,800 --> 00:09:25,280
सबसे पहली बात है कि आपके इर्दगिर्द यदि रामपाल की कोई गतिविधि

136
00:09:25,280 --> 00:09:29,280
हो रही है। रामपाल से संबंधित कोई कार्यक्रम, कोई गतिविधि, कोई पुस्तक बेचना

137
00:09:29,280 --> 00:09:33,680
इत्यादि हो रहा है तो आप अपने नजदीकी पुलिस स्टेशन में

138
00:09:33,680 --> 00:09:37,680
112 या आपके यहां जो भी नंबर होगा उसको डायल करके

139
00:09:37,680 --> 00:09:41,760
पुलिस सहायता मांगिए कि भैया यहां पर हमारे हिंदू देवी देवताओं का अपमान हो रहा है।

140
00:09:41,760 --> 00:09:45,920
हमारी धार्मिक आस्थाओं को ठेस पहुंचाने वाली बातें की जा रही हैं। किताबें

141
00:09:45,920 --> 00:09:50,000
वितरित की जा रही हैं। और वहां पे कई लोग ऐसे हैं जो हमारे देवी

142
00:09:50,000 --> 00:09:54,000
देवताओं के विरुद्ध अभद्र टिप्पणियां करने वाली कार्यक्रम कर रहे

143
00:09:54,000 --> 00:09:58,320
हैं। पुलिस सहायता मिल जाने पर आपको पुलिस को यह जानकारी

144
00:09:58,320 --> 00:10:02,480
देनी होगी कि रामपाल की किताबों में कहां पर क्या ऐसा

145
00:10:02,480 --> 00:10:06,560
लिखा हुआ है जिस पर हमारे जिस पर

146
00:10:06,560 --> 00:10:10,720
हमें आपत्ति है और जिसके कारण हमारे हिंदू भावनाओं को

147
00:10:10,720 --> 00:10:15,040
हिंदुओं की भावनाओं को ठेस पहुंच रही है। तो वैसे तो

148
00:10:15,040 --> 00:10:19,040
जो लोग मुझे जानते हैं जो लोग इस अभियान को जानते हैं वह जानते हैं कि

149
00:10:19,040 --> 00:10:23,200
रामपाल की किताब के हर पन्ने पर कोई ना कोई आपत्तिजनक टिप्पणी

150
00:10:23,200 --> 00:10:27,200
अथवा रामपाल के गवरपन का उदाहरण प्रस्तुत किया गया है।

151
00:10:27,200 --> 00:10:27,840
परंतु

152
00:10:27,840 --> 00:10:32,160
यहां पर मैं कुछ मोटे-मोटे और बहुत संगीन बहुत ही गंभीर उदाहरण

153
00:10:32,160 --> 00:10:36,400
आपको बता रहा हूं जो कि आपको पुलिस को प्रदान करने होंगे। उस समय जब पुलिस

154
00:10:36,400 --> 00:10:40,640
आपको सहायता करने के लिए पहुंचेगी उस कार्यक्रम उस पुस्तक वितरण इत्यादि को

155
00:10:40,640 --> 00:10:44,640
रोकने के लिए जब भी इस गिरोह के लोग आपको पुस्तक बेचते हुए

156
00:10:44,640 --> 00:10:48,640
मिलेंगे तो उनके पास ज्यादातर ज्ञान गंगा गीता 13 ज्ञान

157
00:10:48,640 --> 00:10:52,880
अमृत और जीने की राह ये तीन पुस्तकें ही दिखाई देंगी। तो इसलिए

158
00:10:52,880 --> 00:10:56,880
हम ज्यादातर उदाहरण आपको इन्हीं तीन किताबों के दे रहे हैं। तो वैसे तो

159
00:10:56,880 --> 00:11:01,120
आपको इनकी किताबों के बैक कवर पर ही एक बहुत ही आपत्तिजनक टिप्पणी मिल जाएगी

160
00:11:01,120 --> 00:11:05,360
कि दुर्गा माता का पति कौन है? शेरावाली का पति कौन है?

161
00:11:05,360 --> 00:11:09,360
यह तो अपने आप में ही एक ऑफेंसिव टिप्पणी है कि तुम होते कौन हो?

162
00:11:09,360 --> 00:11:13,360
हमारी माता के बारे में इस तरह की बात कहने वाले। फिर

163
00:11:13,360 --> 00:11:17,760
भी इनकी किताबों से कुछ मोटे-मोटे और गंभीर अश्लील टिप्पणियां

164
00:11:17,760 --> 00:11:22,080
मैं आपको बताने जा रहा हूं। जो आप जब पुलिस के समक्ष

165
00:11:22,080 --> 00:11:26,400
प्रस्तुत कर देंगे, तो पुलिस के पास कोई और विकल्प नहीं बचेगा सिवाय

166
00:11:26,400 --> 00:11:30,400
ठोस कारवाही करने के। जो लोग इन किताबों को बांट

167
00:11:30,400 --> 00:11:34,400
रहे होंगे उनके विरुद्ध। तो पहला है शैतान द्वारा

168
00:11:34,400 --> 00:11:38,480
दुर्गा माता संग बलात्कार षष्ठी रचना चैप्टर बुक

169
00:11:38,480 --> 00:11:42,560
का नाम है ज्ञान गंगा पृष्ठ संख्या 24 ध्यान रखिएगा

170
00:11:42,560 --> 00:11:43,060
यह

171
00:11:42,880 --> 00:11:47,120
पष्ठ संख्या थोड़ा बहुत 1920 बदलती है क्योंकि यह पूरा ही फर्जी

172
00:11:47,120 --> 00:11:49,680
वाला है ना इसलिए अच्छा अगला है

173
00:11:49,680 --> 00:11:53,760
जब शैतान काल ने दुर्गा देवी का बाजू हाथ से पकड़ा तो

174
00:11:53,760 --> 00:11:58,480
दुर्गा देवी में भी वासना सेक्स की इच्छा

175
00:11:58,480 --> 00:12:00,080
जागृत हो गई मन

176
00:12:00,080 --> 00:12:04,400
मारकर काल का साथ लेना पड़ा चैप्टर का नाम यथार्थ सृष्टि

177
00:12:04,400 --> 00:12:08,400
रचना बुक का नाम कबीर सागर का सलार्थ पृष्ठ संख्या

178
00:12:08,400 --> 00:12:12,800
612 गायत्री माता ने झूठी गवाही देने के लिए सेक्स

179
00:12:12,800 --> 00:12:16,880
करने की शर्त रखी षष्ठी रचना ज्ञान गंगा

180
00:12:16,880 --> 00:12:20,880
पृष्ठ संख्या 30 मां दुर्गा द्वारा गायत्री माता को

181
00:12:20,880 --> 00:12:24,880
श्राप दिया गया कि तेरे कई सांड पति होंगे षष्ठी

182
00:12:24,880 --> 00:12:28,880
रचना ज्ञान गंगा पृष्ठ संख्या 31 और यह

183
00:12:28,880 --> 00:12:32,880
बात गीता तेरा ज्ञान अमृत पृष्ठ पृष्ठ संख्या 126 में भी

184
00:12:32,880 --> 00:12:36,960
लिखी हुई है। माता सती अर्थात उमा

185
00:12:36,960 --> 00:12:41,040
सीता के रूप में राम जी की परीक्षा लेने इसलिए गई थी कि श्री

186
00:12:41,040 --> 00:12:46,080
राम उन्हें प्यार करेंगे और संतुष्ट करेंगे। अध्याय

187
00:12:46,080 --> 00:12:50,720
तीन गरिमा गीता की पृष्ठ संख्या 889 श्री

188
00:12:50,720 --> 00:12:54,880
राम हनुमान जी से अपनी पत्नी माता सीता के बारे में पूछते

189
00:12:54,880 --> 00:12:58,880
समय यह तक कह देते हैं कि सीता तो अब रावण की सेज

190
00:12:58,880 --> 00:13:03,840
पर सोती होगी। अध्याय आध्यात्मिक

191
00:13:03,840 --> 00:13:07,840
ज्ञान गंगा पृष्ठ संख्या 256 वेद और गीता का

192
00:13:07,840 --> 00:13:12,080
ज्ञान देने वाला मां दुर्गा का पति ब्रह्मा विष्णु महेश का पिता शैतान

193
00:13:12,080 --> 00:13:15,280
है झूठा है अज्ञानी है बलात्कारी है

194
00:13:15,280 --> 00:13:19,520
कहां-कहां से ये सब जानकारी इकट्ठा होंगी गरिमा गीता की पृष्ठ संख्या

195
00:13:19,520 --> 00:13:23,520
24 कबीर परमेश्वर पृष्ठ संख्या 136 गरिमा गीता की

196
00:13:23,520 --> 00:13:27,600
पृष्ठ संख्या चार भक्ति से भगवान तक पृष्ठ संख्या 123

197
00:13:27,600 --> 00:13:31,680
इन सबका निचोड़ वाली बात है जो मैंने ने भी बोली है। गीता

198
00:13:31,680 --> 00:13:35,840
बोलने वाले की साधना घटिया है। बहुत जगह लिखा है फिर भी उदाहरण।

199
00:13:35,840 --> 00:13:40,560
गरिमा गीता की पृष्ठ संख्या 35 157

200
00:13:40,560 --> 00:13:44,640
157 पे भी है 157 पे भी है 35 पर भी

201
00:13:44,640 --> 00:13:48,960
है। शिवलिंग के चित्र को देखकर स्पष्ट होता है कि शिव की पेशाब इंद्री

202
00:13:48,960 --> 00:13:52,960
है। स्त्री की पेशाब इंद्री के अंदर प्रविष्ट है

203
00:13:52,960 --> 00:13:56,960
जिसकी पूजा हिंदू करते हैं। अंधश्रद्धा भक्ति खतरा है

204
00:13:56,960 --> 00:14:01,280
जान पृष्ठ संख्या 18 शिवलिंग की पूजा करने वाले हिंदू बेशर्म

205
00:14:01,280 --> 00:14:05,360
है। बेशर्म! बेशर्म हो तुम लोग मर जाओ चुल्लू भर डूब

206
00:14:05,360 --> 00:14:09,440
के पानी में। अंधश्रद्धा भक्ति खतरा है

207
00:14:09,440 --> 00:14:13,440
जान, पृष्ठ संख्या 19 शिवलिंग की बेशरम साधना ही करनी

208
00:14:13,440 --> 00:14:17,600
है तो सांड के लिंग की साधना कर लेनी चाहिए। कर

209
00:14:17,600 --> 00:14:20,080
लो।

210
00:14:20,080 --> 00:14:24,160
यही कर लो तुम लोग। अंधश्रद्धा भक्ति खतरा है

211
00:14:24,160 --> 00:14:28,160
जान। पृष्ठ संख्या 20 हिंदुओं द्वारा मूर्ति पूजा अंधविश्वास

212
00:14:28,160 --> 00:14:30,480
है। अंधश्रद्धा भक्ति खतरा है जान

213
00:14:30,480 --> 00:14:34,720
पृष्ठ संख्या 18 जो वेद और गीता का ज्ञान देने वाले की भक्ति

214
00:14:34,720 --> 00:14:39,600
करता है शैतान उन्हें खाता है। गरिमा गीता की पृष्ठ संख्या 95

215
00:14:39,600 --> 00:14:43,600
215 ब्रह्मा विष्णु महेश से सेक्स कंट्रोल नहीं होता। गरमा

216
00:14:43,600 --> 00:14:48,160
गीता की पृष्ठ संख्या 88 और 93

217
00:14:48,160 --> 00:14:52,560
ब्रह्मा विष्णु महेश की पूजा करने वाले मूर्ख हैं। अध्यात्म ज्ञान का गोला

218
00:14:52,560 --> 00:14:57,040
पृष्ठ संख्या 22 और 23 ब्रह्मा विष्णु महेश

219
00:14:57,040 --> 00:15:01,440
नीच कर्म करवाते हैं। जैसे जुआ खेलने जुआ खेलना व्यभचार

220
00:15:01,440 --> 00:15:05,440
करना शराब पीना इत्यादि गरिमा गीता की पृष्ठ संख्या 38

221
00:15:05,440 --> 00:15:09,600
ब्रह्मा विष्णु महेश की भक्ति व्यर्थ है। रहित हो जा,

222
00:15:09,600 --> 00:15:13,840
उससे भक्ति से रहित हो जा, त्याग दे। ज्ञान गंगा, पिछला कवर,

223
00:15:13,840 --> 00:15:18,080
वहां पर भी लिखा है और गरिमा गीता की पृष्ठ संख्या 24, गीता

224
00:15:18,080 --> 00:15:22,080
13 ज्ञान अमृत पृष्ठ संख्या 275। वेद और गीता के अनुसार

225
00:15:22,080 --> 00:15:26,640
मोक्ष नहीं मिलता, मुक्ति नहीं मिलती। गरिमा गीता की पृष्ठ संख्या 181

226
00:15:26,640 --> 00:15:30,640
और 35। वेद के अनुसार परमेश्वर कबीर है और कबीर

227
00:15:30,640 --> 00:15:34,960
को ही अल्लाहहु अकबीरू भी कहते हैं। जीने की राह। पृष्ठ संख्या

228
00:15:34,960 --> 00:15:38,960
273 बाइबल ग्रंथ का ज्ञान भी गीता का ज्ञान देने वाले ने ही

229
00:15:38,960 --> 00:15:43,200
दिया है। गीता तेरा ज्ञान अमृत कैसे? हिंदुओं को अपने

230
00:15:43,200 --> 00:15:45,840
उनके मूल सिद्धांतों से छुड़ाकर कैसे बाइबल

231
00:15:45,840 --> 00:15:50,000
और कुरान से जोड़ा जा रहा है। देख लो। बाइबल ग्रंथ

232
00:15:50,000 --> 00:15:54,160
का ज्ञान भी गीता ज्ञान देने वाले ने ही दिया है। गीता 13 ज्ञान अमृत पृष्ठ संख्या

233
00:15:54,160 --> 00:15:58,160
दो। इन सबसे अलग पूर्ण परमात्मा अल्लाह है जिसे कबीर भी कहा जाता

234
00:15:58,160 --> 00:16:02,160
है। ज्ञान गंगा पृष्ठ संख्या 53 वेदों में अल्लाह के बारे में बताया

235
00:16:02,160 --> 00:16:06,160
गया है। कबीर परम परमेश्वर पृष्ठ संख्या 137 हनुमान जी

236
00:16:06,160 --> 00:16:10,560
की पूंछ गधे के लिंग के समान है। कबीर सागर का सरलार्थ

237
00:16:10,560 --> 00:16:14,560
पृष्ठ संख्या 598 अब जब

238
00:16:14,560 --> 00:16:18,640
आप यह प्रमाण पुलिस के समक्ष प्रस्तुत करेंगे तो ऐसा हो सकता है

239
00:16:18,640 --> 00:16:23,040
कि यह लोग आपको बताएं कि भैया हमारे रामपाल जी ने समस्त प्रामाणिक

240
00:16:23,040 --> 00:16:27,600
शास्त्रों का ज्ञान दिया है तो इसलिए रामपाल के ज्ञान की भी

241
00:16:27,600 --> 00:16:31,680
जांच कर लेने के लिए हमने एक उदाहरण आपको यहां पर दिया है। वैसे अनंत उदाहरण

242
00:16:31,680 --> 00:16:35,840
है। एक उदाहरण आपको दिया है। गीता 13 ज्ञान अमृत पृष्ठ संख्या 99

243
00:16:35,840 --> 00:16:39,920
ऋग्वेद मंडल नौ सूक्त एक मंत्र नौ में

244
00:16:39,920 --> 00:16:44,000
रामपाल वैदिक वाङ्मय में आने वाले शब्द अग्न्याय जिसका

245
00:16:44,000 --> 00:16:48,640
अर्थ होता है अवध अहिंसनीय को हरियाणवी शब्द अधन्या

246
00:16:48,640 --> 00:16:52,640
बताते हुए उसका अर्थ ये बाबा जी करते हैं कुंवारी गाय

247
00:16:52,640 --> 00:16:56,640
ये है इनके बाबा के ज्ञान की पावर एक शब्द

248
00:16:56,640 --> 00:17:01,040
आता है अनेन जिसका अर्थ है इस प्रकार है इस प्रकार

249
00:17:01,040 --> 00:17:05,200
उसका अर्थ करते है बाबा जी अन्न अनाज अनेन

250
00:17:05,200 --> 00:17:09,520
शब्द का अर्थ बाबा जी करते हैं अनाज जबकि संस्कृत के अनुसार इसका अर्थ होता है

251
00:17:09,520 --> 00:17:13,600
इस प्रकार और इन्होंने शब्द का प्रयोग कहां किया है? गरमा गीता की पृष्ठ

252
00:17:13,600 --> 00:17:17,920
संख्या 40 अध्याय तीन श्लोक 11 तो जब आपके

253
00:17:17,920 --> 00:17:22,320
समक्ष पुलिस से बचने के लिए इस तरह की बातें आपके सामने परोसी

254
00:17:22,320 --> 00:17:26,320
जाए ना कि हमारे बाबा जी ने बहुत सारे ग्रंथों को अध्ययन करके जो है

255
00:17:26,320 --> 00:17:30,480
शास्त्र खोल खोल कर दिखाए हैं तो वहां पर बस केवल ये दो उदाहरण देना

256
00:17:30,480 --> 00:17:34,560
और उनके ज्ञान की जांच करने को कहना पुलिस की इस गवार के ज्ञान की

257
00:17:34,560 --> 00:17:39,440
जांच करो पहले की ये संस्कृत भाषा के जो शास्त्र हमारे वेद इत्यादि

258
00:17:39,440 --> 00:17:43,520
उनमें अपना हरियाणवी शब्द ढूंढ रहा है धन्य और बात करता है

259
00:17:43,520 --> 00:17:47,200
कि हमने शास्त्रों का अर्थ बताया है मूर्ख कहीं का।

260
00:17:47,200 --> 00:17:51,280
इस प्रकार से बहुत सारे उदाहरण हैं जो हम आपको इस वीडियो के

261
00:17:51,280 --> 00:17:55,680
साथ में एक लिंक प्रोवाइड कर रहे हैं जिसमें कि पीडीएफ उपलब्ध

262
00:17:55,680 --> 00:17:59,600
होगी जिसमें ये सारे उदाहरण मोटे-मोटे आपको प्राप्त हो जाएंगे।

263
00:17:59,600 --> 00:18:03,680
इसके साथ ही साथ एक बहुत गंभीर विषय आपको और प्राप्त

264
00:18:03,680 --> 00:18:07,680
होगा कि यह किताबें फर्जी रूप से छापी

265
00:18:07,680 --> 00:18:12,080
जाती है। इन किताबों पर लिखा हुआ जो एड्रेस है वो पूरा फर्जी है।

266
00:18:12,080 --> 00:18:16,240
यहां पर जो एफआईआर दर्ज हुई है इस गिरोह के ऊपर इनके अड्डे के ऊपर

267
00:18:16,240 --> 00:18:20,240
यहां पर जांच के दौरान पुलिस उस पते पर होके आ चुकी है।

268
00:18:20,240 --> 00:18:24,560
जो पता इन किताबों पर छपने के लिए डाला जाता है कि ये किताबें

269
00:18:24,560 --> 00:18:28,800
अमुक अमुक जगह छपती हैं। दोनों जगह दो तरह के पते आपको इन किताबों

270
00:18:28,800 --> 00:18:32,800
पर प्राप्त होंगे। एक दिल्ली भवाना का इंडस्ट्रियल एरिया

271
00:18:32,800 --> 00:18:36,880
और इसी तरीके से इसी तरीके का कोई काल्पनिक बवाना इंडस्ट्रियल

272
00:18:36,880 --> 00:18:41,200
एरिया इन्होंने जयपुर में भी लिख रखा है और इसके साथ ही साथ

273
00:18:41,200 --> 00:18:45,280
उस सतलोक आश्रम बरवाला का नाम भी पते के रूप में आपको मिल जाएगा प्रिंटिंग

274
00:18:45,280 --> 00:18:49,360
प्रेस के लिए जो सतलोक आश्रम बरवाला सन 2014 से

275
00:18:49,360 --> 00:18:53,520
बंद पड़ा हुआ है सीज है तो पुलिस ने इन तीनों ही जगह जाकर

276
00:18:53,520 --> 00:18:57,600
के जांच कर ली है वहां पर इन किताबों के छपने की कोई जानकारी प्राप्त नहीं हुई

277
00:18:57,600 --> 00:19:01,600
है पुलिस ढूंढ रही है इसका मतलब मतलब यह किताबें अवैध रूप से

278
00:19:01,600 --> 00:19:05,760
कहीं पर छापी जा रही हैं और आपको बेची जा रही हैं। तो यह भी अपने आप में एक ऑफेंस

279
00:19:05,760 --> 00:19:10,000
है। इसके साथ ही साथ आपको पुलिस को बताना होगा कि इस गिरोह के खिलाफ

280
00:19:10,000 --> 00:19:14,080
इन किताबों के खिलाफ इन इस सामग्री के खिलाफ

281
00:19:14,080 --> 00:19:15,200
एक याचिका

282
00:19:15,200 --> 00:19:19,200
लगाई गई है उत्तर प्रदेश हाईकोर्ट में जिसमें कि उत्तर प्रदेश हाईकोर्ट ने शासन से

283
00:19:19,200 --> 00:19:23,760
संज्ञान लेने की बात कही है। शासन ने जिस जेल में रामपाल

284
00:19:23,760 --> 00:19:28,000
कैद है उस जेल के जेलर को संबंध भेजा है। यहां आकर के बताओ तुम्हारी

285
00:19:28,000 --> 00:19:32,320
जेल में रहने वाले के नाम से यह सब पूरा इतना बड़ा नेटवर्क

286
00:19:32,320 --> 00:19:36,640
हिंदुओं की भावनाओं के साथ खिलवाड़ करने वाला नेटवर्क कैसे

287
00:19:36,640 --> 00:19:37,440
संचालित हो रहा

288
00:19:37,440 --> 00:19:41,520
है? इसी के अंतर्गत रामपाल का अड्डा लखनऊ में बंद हो चुका है।

289
00:19:41,520 --> 00:19:45,440
रामपाल के कार्यक्रम लखनऊ में बंद हो चुके हैं। रामपाल की किताबें लखनऊ में बंद हो चुकी

290
00:19:45,440 --> 00:19:49,600
हैं। और भी अच्छे परिणाम भविष्य में आने वाले हैं। यह सारी जो जानकारी है,

291
00:19:49,600 --> 00:19:54,080
किताबों में कहां क्या लिखा हुआ है? कौन-कौन सी एफआईआर है

292
00:19:54,080 --> 00:19:58,160
जो दर्ज हुई है रामपाल के गिरोह के विरुद्ध यहां लखनऊ स्तर पर बाकी अन्य

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00:19:58,160 --> 00:20:02,240
कहीं और हुई हो तो बात अलग है। लखनऊ स्तर पर कौन-कौन सी एफआईआर दर्ज

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00:20:02,240 --> 00:20:06,240
हुई है वो या फिर जो याचिका लगाई गई है हाई कोर्ट में वो

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00:20:06,240 --> 00:20:10,240
या फिर अभी तक उस याचिका के अंतर्गत जो हाई कोर्ट के आदेश आए

296
00:20:10,240 --> 00:20:14,480
हैं अलग-अलग डेट्स पर वो या फिर इससे जुड़ी

297
00:20:14,480 --> 00:20:18,640
हुई अन्य कोई सामग्री प्राप्त करने के लिए आप हमसे संपर्क कर सकते हैं।

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00:20:18,640 --> 00:20:22,080
फोन नंबर है 7408301869

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00:20:22,080 --> 00:20:26,160
इस नंबर पर संपर्क करके आप हमसे हर वह सामग्री प्राप्त कर

300
00:20:26,160 --> 00:20:30,320
सकते हैं जो आपको वहां पर पुलिस सहायता प्राप्त करने में या फिर

301
00:20:30,320 --> 00:20:34,480
वहां पर इस गिरोह के विरुद्ध एक ठोस कारवाई करने के लिए आवश्यक

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00:20:34,480 --> 00:20:38,560
होगी। यहां तक कि आपको यदि एफआईआर में क्या लिखना है यह समझ

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00:20:38,560 --> 00:20:42,640
में नहीं आ रहा है तो यहां से आपको एक एफआईआर का मॉडल भी

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00:20:42,640 --> 00:20:46,640
प्रदान किया जाएगा जिसके आधार पर वहां पर वस्तुनिष्ठ जानकारियों को बदलते

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00:20:46,640 --> 00:20:50,800
हुए आप वहां पर पुलिस में शिकायत कर सकते होंगे कि भाई मेरे

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00:20:50,800 --> 00:20:54,880
हिंदू धर्म की भावनाओं को आहत किया जा रहा है। धार्मिक संप्रवर्तन फैलाया जा रहा

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00:20:54,880 --> 00:20:58,960
है और इसमें लिप्त लोगों को कड़ी सजा दी जाए और इस

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00:20:58,960 --> 00:21:00,720
सामग्री को इस कार्यवाही

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00:21:00,720 --> 00:21:04,720
को इस गतिविधि को तुरंत की तुरंत रोका जाए। तो जितना हो

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00:21:04,720 --> 00:21:09,200
सके इस वीडियो को आप शेयर करें जिससे कि ज्यादा से ज्यादा हिंदू

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00:21:09,200 --> 00:21:13,280
इस बात को जान पाए कि किस तरीके से हमारे धर्म का अपमान हो रहा है।

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00:21:13,280 --> 00:21:17,360
किस तरीके से अवैध रूप से छापी जा रही किताबों के द्वारा हमारे

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00:21:17,360 --> 00:21:21,440
धर्म का अपमान किया जा रहा है और उसके विरोध में किस तरह का एक

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00:21:21,440 --> 00:21:25,760
व्यापक आंदोलन राष्ट्रीय स्तर पर अब छिड़ चुका है

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00:21:25,760 --> 00:21:30,000
और किस तरह से हम अपने स्थानीय

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00:21:30,000 --> 00:21:34,240
स्तर पर अपने समक्ष हो रही ऐसी किसी गतिविधि से लड़ सकते

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00:21:34,240 --> 00:21:38,480
हैं। इसलिए आप इस वीडियो को ज्यादा से ज्यादा शेयर करें। जिससे

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00:21:38,480 --> 00:21:42,880
कि हम अपने धर्म को बचाने के निमित्त अपनी भूमिका

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00:21:42,880 --> 00:21:46,880
प्रस्तुत कर सकें। जय श्री राम।
